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रात में अचानक थाने पहुंचे DIG... ड्यूटी पर नहीं मिला SHO, अगले ही पल हुआ ऐसा कि VIDEO हो गया वायरल!

 


अमृतसर: पंजाब के अमृतसर देहात से पुलिस विभाग की कार्यशैली पर सवाल खड़ा करने वाली एक घटना सामने आई है। बॉर्डर रेंज के पुलिस उपमहानिरीक्षक (DIG) हरमनबीर सिंह गिल ने राजासांसी थाना प्रभारी (SHO) हरजीत सिंह को ड्यूटी में कथित गंभीर लापरवाही के आरोप में तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया। इस कार्रवाई का एक वीडियो भी सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है, जिसमें डीआईजी संबंधित अधिकारी को फटकार लगाते दिखाई दे रहे हैं।

प्रारंभिक जानकारी के अनुसार, यह कार्रवाई देर रात औचक निरीक्षण के दौरान की गई। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि SHO अपनी निर्धारित नाका ड्यूटी पर मौजूद नहीं मिला। बाद में वह थाना परिसर के भीतर एक कमरे में पाया गया। मामले की विभागीय जांच भी शुरू कर दी गई है।

देर रात चल रहा था औचक निरीक्षण

जानकारी के मुताबिक, बॉर्डर रेंज के डीआईजी हरमनबीर सिंह गिल देर रात अमृतसर देहात के राजासांसी क्षेत्र में विभिन्न पुलिस नाकों का निरीक्षण कर रहे थे।

इस निरीक्षण का उद्देश्य सुरक्षा व्यवस्था, पुलिस की सतर्कता और सीमा क्षेत्र में तैनात कर्मियों की कार्यप्रणाली का जायजा लेना था।

जब डीआईजी निर्धारित नाका स्थल पर पहुंचे तो वहां तैनात SHO हरजीत सिंह मौजूद नहीं मिले।

इसके बाद अधिकारियों ने उनकी तलाश शुरू की।

कार्यालय के पीछे कमरे में मिले SHO

पुलिस सूत्रों के अनुसार, तलाश के दौरान SHO थाना परिसर के भीतर अपने कार्यालय के पीछे बने कमरे में मिले।

प्रारंभिक जानकारी के मुताबिक, वे वहां सो रहे थे।

अधिकारियों का कहना है कि उस समय उनकी स्थिति संदिग्ध प्रतीत हुई, जिसके बाद आगे की जांच की गई।

कुछ मीडिया रिपोर्टों में दावा किया गया है कि जांच के दौरान उनके शराब के प्रभाव में होने की बात सामने आई। हालांकि इस संबंध में अंतिम निष्कर्ष विभागीय जांच पूरी होने के बाद ही स्पष्ट होगा।

वायरल वीडियो में दिखाई दी फटकार

घटना का एक वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है।

वीडियो में कथित तौर पर डीआईजी हरमनबीर सिंह गिल SHO को पंजाबी भाषा में कड़ी फटकार लगाते हुए दिखाई देते हैं।

वीडियो में उन्हें कहते हुए सुना जा सकता है—

"तेरा नाका है, ते तू कित्थे है? इत्थे अग्ग लगी है ते तू सुट्टा पिया है।"

जिसका सामान्य अर्थ है कि नाका आपकी जिम्मेदारी है और आप यहां सो रहे हैं, जबकि बाहर गंभीर स्थिति हो सकती है।

वीडियो वायरल होने के बाद यह घटना सोशल मीडिया पर चर्चा का विषय बन गई।

हालांकि वायरल वीडियो की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हो सकी है।

मौके पर ही निलंबन के आदेश

पुलिस अधिकारियों के अनुसार, निरीक्षण के दौरान सामने आई परिस्थितियों को देखते हुए डीआईजी ने SHO हरजीत सिंह को तत्काल प्रभाव से निलंबित करने के निर्देश दिए।

इसके साथ ही पूरे मामले की विभागीय जांच शुरू कर दी गई।

जांच पूरी होने तक संबंधित अधिकारी निलंबित रहेंगे।

यदि जांच में आरोप सही पाए जाते हैं तो विभागीय नियमों के अनुसार आगे की कार्रवाई की जाएगी।

विभाग ने क्या कहा?

पुलिस अधिकारियों का कहना है कि ड्यूटी के दौरान किसी भी प्रकार की लापरवाही स्वीकार नहीं की जाएगी।

विशेष रूप से सीमा से जुड़े संवेदनशील क्षेत्रों में तैनात अधिकारियों से उच्च स्तर की सतर्कता की अपेक्षा की जाती है।

अधिकारियों के अनुसार, यदि कोई कर्मचारी अपनी जिम्मेदारियों का पालन नहीं करता है तो उसके विरुद्ध सख्त विभागीय कार्रवाई की जाएगी।

सीमा क्षेत्र में क्यों अहम होती है नाका ड्यूटी?

अमृतसर देहात का बड़ा हिस्सा अंतरराष्ट्रीय सीमा के निकट स्थित है।

इस कारण यहां सुरक्षा व्यवस्था अत्यंत संवेदनशील मानी जाती है।

नाका ड्यूटी के दौरान पुलिस कर्मियों की जिम्मेदारी संदिग्ध गतिविधियों पर नजर रखना, वाहनों की जांच करना और किसी भी आपात स्थिति में तत्काल कार्रवाई करना होता है।

इसी वजह से ऐसे क्षेत्रों में ड्यूटी के दौरान अनुपस्थित रहना गंभीर मामला माना जाता है।

सोशल मीडिया पर आईं प्रतिक्रियाएं

वीडियो वायरल होने के बाद सोशल मीडिया पर लोगों ने विभिन्न प्रकार की प्रतिक्रियाएं दीं।

कुछ लोगों ने डीआईजी की कार्रवाई की सराहना करते हुए कहा कि ड्यूटी में लापरवाही करने वाले अधिकारियों के खिलाफ इसी तरह की सख्त कार्रवाई होनी चाहिए।

वहीं कुछ लोगों ने पूरे मामले की निष्पक्ष विभागीय जांच के बाद ही अंतिम निष्कर्ष निकालने की बात कही।

पंजाब पुलिस चला रही है बड़ा अभियान

इसी बीच पंजाब पुलिस राज्य में अपराध और गैंगस्टर गतिविधियों के खिलाफ लगातार अभियान चला रही है।

पुलिस के अनुसार, "गैंगस्टरन ते वार" अभियान के तहत राज्यभर में लगातार कार्रवाई की जा रही है।

अभियान के 169वें दिन विभिन्न जिलों में गैंगस्टरों और उनके सहयोगियों से जुड़े 705 स्थानों पर छापेमारी की गई।

पुलिस द्वारा जारी जानकारी के अनुसार—

  • 423 लोगों को गिरफ्तार किया गया।

  • एक हथियार बरामद किया गया।

  • 374 लोगों के खिलाफ एहतियाती कार्रवाई की गई।

  • 9 घोषित अपराधियों को गिरफ्तार किया गया।

20 जनवरी से चल रहा अभियान

पंजाब पुलिस के अनुसार, यह विशेष अभियान 20 जनवरी 2026 से लगातार चलाया जा रहा है।

पुलिस का दावा है कि अभियान के तहत अब तक 45,686 लोगों को गिरफ्तार किया जा चुका है।

अधिकारियों का कहना है कि राज्य में संगठित अपराध और गैंगस्टर नेटवर्क पर कार्रवाई आगे भी जारी रहेगी।

पुलिस व्यवस्था पर फिर उठे सवाल

राजासांसी की घटना ने एक बार फिर पुलिस विभाग के भीतर अनुशासन और जवाबदेही को लेकर चर्चा शुरू कर दी है।

विशेषज्ञों का मानना है कि संवेदनशील क्षेत्रों में तैनात अधिकारियों की नियमित निगरानी और औचक निरीक्षण व्यवस्था को और मजबूत किया जाना चाहिए ताकि ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति न हो।

फिलहाल SHO हरजीत सिंह के खिलाफ विभागीय जांच जारी है और जांच पूरी होने के बाद ही पूरे मामले की आधिकारिक स्थिति स्पष्ट होगी।

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